
पूर्वाचल का ऑक्सफोर्ड कहे जाने वाले इलाहाबाद विश्वविद्यालय में इन दिनों सियासी आग दहक रही है। पिछले कुछ हफ्तों से हर रोज कैम्पस में विवि प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी और हंगामा चल रहा है। आंदोलनकारी छात्रों और विवि के अधिकारियो के बीच एक दूसरे को मात देकर सुल्तान बनने की जिद सवार है। अब ये जिद और आगे बढ़ चुकी है। छात्रसंघ अध्यक्ष रिचा सिंह और वीसी के बीच अब राष्ट्रगान पर राजनीति हो रही है। वीसी का कहना है कि रिचा सिंह ने राष्ट्रगान का अपमान किया है, जबिक छात्र संघ अध्यक्ष इसे वीसी का नया पैंतरा बता रही हैं। उन्होंने वीसी को चैलेंज भी किया है कि वह अपना आरोप साबित करके दिखाएं।
उनका आरोप है कि वीसी के बाउंसर्स ने उनके साथ जो अभद्रता की उसके खिलाफ एफआईआर के बाद ही वह बदले की राजनीति कर रहे हैं। विरोध और आंदोलन लोकतांत्रिक प्रकिया का हिस्सा है। पर इस समय लेकिन इस समय पूरब के ऑक्सफोर्ड में आन्दोलन तो जैसे मुकदमे लिखवाने के लिये किये जा रहे है। पहले भी आंदोलन हुए है विरोध हुआ है लेकिन विवि के जानकारों की माने तो वर्तमान में विवि अपने सबसे बुरे दौर से गुजर रहा हैद्य
इलाहाबाद विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. आरएल हंगलू
आपको बता दें की दो दिन पहले विवि में एक सेमिनार में हिस्सा लेने हैदराबाद विवि के कुलपति अप्पा राव पहुंचे थे। उनके विवि में आने की सुचना मिलते ही छात्रसंघ अध्यक्ष ऋचा सिंह के नेतृत्व में उनका जबरजश्त विरोध हुआ जिसके चलते सेमिनार को रोकना पड़ा। विरोध कर रहे छात्रो का आरोप था की वीसी अप्पा राव रोहित बेमुला के हत्यारे है। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान सुरक्षा कर्मियो और आंदोलित छात्रो के बीच झड़प भी हुई।
ऋचा सिंह ने आरोप लगाया की प्रदर्शन के दौरान कुलपति के कहने पर उनके बाउंसर्स ने उनके साथ बत्तमीजी की। इस मामले की शिकायत ऋचा ने थाने में तहरीर दे कर की है।विवि प्रशासन हर कदम पर छात्रो से मात खा रहा हैद्य अपने हर फैसले के बाद कुलपति को प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से बैक फुट पर आना पड़ा है।
राष्ट्रगान पर राजनीती
अप्पा राव के विरोध से बौखलाए विवि प्रशासन के अधिकारियो ने विरोध के 24 घण्टे बाद थाने में तहरीर दी की ऋचा और उनके समर्थको ने राष्ट्रगान के दौरान हंगामा किया और तोड़ फोड़ की ऋचा और उनके साथियो ने राष्ट्रगान का अपमान किया है इन पर राष्ट्र द्रोह के तहत कर्यवाही किये जाने की मांग की है। लेकिन सवाल यह की विवि प्रशासन को 24 घण्टे बाद कैसे याद आया की छात्रो ने राष्ट्रद्रोह किया है।
इलाहाबाद विश्वविद्यालय छात्रसंघ अध्यक्ष ऋचा सिंह
ऋचा ने दी कुलपति को चुनौती
इस मामले में ऋचा सिंह से बात करने पर कहा की हम राष्ट्रगान का सम्मान करते है । कुलपति ने भ्रष्टाचार, विवि में अराजकता जैसे आरोपो को साबित नही कर पाये तो अब देश के सम्मान के साथ राजनीति कर रहे है। ऋचा ने पत्रिका से कहा की सेमिनार हाल में लगे सरकारी कैमरे की फुटेज मीडियाअ के सामने सार्वजानिक करें यदि हमने अपमान किया है तो मैं विवि छोड़ने के लिए तैयार हूँ और अगर नही किया तो कुलपति के खिलाफ राष्ट्रगान के अपमान का झूठा आरोप लगाने कैम्पस में गलत अफवाह फैला कर माहौल खराब करने के आरोप में कर्यवाही वो विवि से वापस जाये। और विवि के अधिकारियो से इस मामले में पूछे जाने पर किसी कोई भी जबाब नही दिया गयाद्य